18 साल तक बिना डिग्री के महिला ने की सरकारी नौकरी, 80 लाख सैलरी भी ली
- May 7, 2025
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Last Updated:May 07, 2025, 18:58 IST Damoh News : दमोह में बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है. दो जुड़वा बहनों ने एक ही नाम का फायदा उठाकर
Last Updated:May 07, 2025, 18:58 IST Damoh News : दमोह में बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है. दो जुड़वा बहनों ने एक ही नाम का फायदा उठाकर
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दमोह में दो जुड़वा बहनों ने एक ही मार्कशीट पर 18 साल की सरकारी नौकरी, डेढ़ करोड़ सैलरी भी ली
दमोह. दमोह में फर्जी डॉक्यूमेंट के साथ सरकारी स्कूलों में नौकरी करने वाले टीचरों का बड़ा घोटाला सामने आया है. पूरा मामला बेहद चौंकाने वाला है. दमोह में दो जुड़वा बहनों ने एक ही नाम और एक ही मार्कशीट से अलग-अलग सरकारी स्कूलों में नौकरी हासिल की. 18 साल तक दोनों ने वेतन लिया. किसी को भनक तक नहीं लगी. दोनों ने फर्जी सेवा काल के दौरान करीब 80 लाख रुपये से अधिक का वेतन उठाया. कुल मिलाकर 1.8 करोड़ रुपये की चपत लगाई. फर्जीवाड़ा सामने आते ही एक बहन ने रिजाइन कर दिया है और दूसरी ने स्कूल छोड़ दिया है. मामला तब सामने आया जब दोनों ने एक ही स्कूल में ट्रांसफर के लिए आवेदन दिया. अधिकारियों को शक हुआ तो मामले की जांच कराई.
दोनों बहनों के नाम रश्मि हैं. एक के पति का नाम दीपेंद्र है और दूसरे के पति का नाम विजय सोनी है. दोनों बहनें बच्चों को फर्जी मार्कशीट के सहारे नौकरी हासिल करके सच्चाई का पाठ पढ़ाती रही.
दमोह जिला शिक्षा अधिकारी एसके नेमा ने बताया, ‘एक ही अंकसूचियों को लेकर दो बहनों ने शासकीय सेवा प्राप्त की थी. दोनों की जानकारी प्राप्त होने पर संबंधित एक शिक्षिका द्वारा स्कूल छोड़ दिया गया है. दूसरी शिक्षिका ने त्यागपत्र दे दिया है. दोनों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है. एक टीचर ओरिजनल मार्कशीट का इस्तेमाल करती थी. दूसरी फोटोकॉपी का प्रयोग करती थी. दोनों ने वेरिफिकेशन के समय अलग-अलग अंकसूचियां प्रस्तुत कीं. इसके कारण संबंधित सत्यापन अधिकारियों को संदेह हुआ.’
दमोह में शिक्षा विभाग की जांच में ऐसे 19 शिक्षक चिह्नित हुए, जिनकी मार्कशीट और दस्तावेजों में गंभीर गड़बड़ी पाई गई. हालांकि विभाग की ओर से अब तक सिर्फ 3 शिक्षकों को ही बर्खास्त किया है. बाकी 16 शिक्षक अब भी बच्चों को पढ़ा रहे हैं. इन शिक्षकों ने अब तक 22.93 करोड़ रुपये की सैलरी उठाई है.
