झांसी: योगी सरकार की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना की कोचिंग, प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों के लिए काफी मददगार साबित हो रही है. कोचिंग को अभ्यर्थियों के लिए फायदेमंद और प्रेरक बनाने के उद्देश्य से कई तरह के नए प्रयोग भी इनमें किए जा रहे हैं. झांसी के बुंदेलखंड महाविद्यालय परिसर में संचालित हो रहे अभ्युदय कोचिंग के अभ्यर्थियों की अब ऐसे अफसर भी समय-समय पर काउंसलिंग करेंगे और मोटिवेशन देंगे, जो पीएचडी उपाधि अथवा इस तरह की कोई अन्य विशेषज्ञता रखते हैं. ये अफसर अपने अध्ययन काल के अनुभव, विषय से संबंधित चीजों और अध्ययन की रणनीति अभ्यर्थियों से शेयर करेंगे.
सब्जेक्ट एक्सपर्ट करेंगे गाइड
झांसी में संचालित हो रहे कोचिंग में यूपीएससी, यूपीपीसीएस, जेईई, नीट परीक्षाओं के लिए अभ्यर्थियों को निशुल्क कोचिंग की सुविधा प्रदान की जा रही है. समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित इस योजना के अंतर्गत अभ्यर्थियों को विषय विशेषज्ञों द्वारा सलाह और प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है. जनपद में तैनात प्रशासन और विभिन्न विभागों के अधिकारी भी समय की उपलब्धता के अनुसार, अभ्यर्थियों का मार्गदर्शन कर उन्हें परामर्श प्रदान करते हैं. जेईई मुख्य परीक्षा 2024 में कोचिंग के अभ्यर्थियों उर्वशी यादव, भाव्या शर्मा, नंदिनी दुबे, मयंक साहू और तुषार का चयन हुआ था.
युवाओं को मिलेगा मार्गदर्शन
झांसी के मुख्य विकास अधिकारी जुनैद अहमद ने बताया कि मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के अंतर्गत संचालित कोचिंग में अभ्यर्थियों के लिए विषय से जुड़े शिक्षक उपलब्ध हैं. इसके अलावा विभागों में अथवा प्रशासन में तैनात अफसरों को समय की उपलब्धता और सुविधा के अनुसार अभ्यर्थियों को टिप्स देने के लिए आमंत्रित किया जाता है. वर्तमान समय में भिन्न पदों पर कार्यरत पीएचडी उपाधि धारक अथवा अन्य विशिष्ट योग्यता रखने वाले अफसरों की जानकारी जुटाई जा रही है. इनके समय की उपलब्धता और सुविधा के अनुसार इन्हें कोचिंग के अभ्यर्थियों को प्रोत्साहन देने, अनुभव साझा करने और तैयारियों के संबंध में टिप्स देने के लिए आमंत्रित किया जाएगा.