ओपी राजभर के करीबी संतोष राजभर हुए जिला बदर, मऊ प्रशासन ने लिया एक्शन
- April 24, 2025
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Last Updated:April 24, 2025, 00:21 IST मऊ के डीएम ने सुभासपा नेता संतोष राजभर को चार महीने के लिए जिला बदर किया. संतोष का आपराधिक इतिहास है और
Last Updated:April 24, 2025, 00:21 IST मऊ के डीएम ने सुभासपा नेता संतोष राजभर को चार महीने के लिए जिला बदर किया. संतोष का आपराधिक इतिहास है और
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मऊ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है.
हाइलाइट्स
मऊ. सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर के करीबी माने जाने वाले जिला पंचायत सदस्य संतोष राजभर को जिलाधिकारी (डीएम) मऊ ने जिला बदर कर दिया है. यह कार्रवाई मऊ पुलिस अधीक्षक की सहमति देने पर की गई है, जिसका उद्देश्य जिले में कानून व्यवस्था को बनाए रखना है. मोहम्मदाबाद कोतवाली क्षेत्र के सुल्तानपुर गांव निवासी संतोष राजभर का आपराधिक इतिहास रहा है. हाल ही में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) से इस्तीफा देकर सुभासपा में शामिल हुए थे. मऊ के डीएम ने उनके आपराधिक रिकॉर्ड को देखते हुए चार महीने के लिए जिला बदर करने का आदेश जारी किया है. इस आदेश के तहत, संतोष राजभर को मऊ जिले की सीमा से बाहर रहना होगा. यदि वह इस अवधि के दौरान जिले में दिखाई देते हैं, तो उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
जिला बदर के आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराने के लिए मोहम्मदाबाद कोतवाली पुलिस और तहसीलदार की संयुक्त टीम ने पूरे तहसील क्षेत्र में ढोल-नगाड़े बजाकर घोषणा की. इस दौरान, उन्होंने संतोष राजभर के आपराधिक इतिहास और जिला बदर की कार्रवाई के बारे में लोगों को जानकारी दी. इस कार्रवाई का मकसद लोगों को यह संदेश देना है कि प्रशासन अपराध और अपराधियों के खिलाफ सख्त है और किसी भी प्रभावशाली व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा.
पुलिस अधीक्षक मऊ इलामारन के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक महेश सिंह अत्रि और क्षेत्राधिकारी मुहम्मदाबाद शीतला प्रसाद पाण्डेय के नेतृत्व में मोहम्मदाबाद पुलिस ने डीएम मऊ के आदेश (वाद संख्या 2349/2024 सरकार बनाम संतोष राजभर) का अनुपालन कराया. पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने संतोष राजभर को मऊ जिले की सीमा से बाहर कर दिया है. संतोष राजभर पर हुई इस कार्रवाई से अपराध पर लगाम लगाने के लिए गंभीरता दिखाने की कोशिश है. प्रशासन ने यह बताया है कि कानून सबके लिए बराबर है और किसी भी राजनीतिक दल से जुड़े होने पर भी अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा. जिले में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर संभव कदम उठाया जाएगा.
