नैनीताल. उत्तराखंड के प्रमुख पर्यटन और धार्मिक स्थलों पर इस बार हनुमान जन्मोत्सव और लॉन्ग वीकेंड का असर साफ नजर आया. नैनीताल जिले के प्रसिद्ध कैंची धाम और कॉर्बेट नगरी रामनगर में शनिवार को भारी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचे, जिससे दोनों जगहों पर काफी ट्रैफिक जाम देखने को मिला. कैंची धाम में नीम करौली महाराज का आशीर्वाद लेेने दूरदराज से श्रद्धालु पहुंचे, तो वहीं वीकेंड पर लंबी छुट्टियों का फायदा उठाते हुए काफी संख्या में पर्यटक भी नैनीताल और आसपास के क्षेत्रों में घूमने पहुंचे. सुबह से ही भवाली से कैंची धाम मंदिर तक वाहनों की लंबी कतार लग गई. सड़क पर गाड़ियां रेंग-रेंगकर चलती रहीं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा, हालांकि शटल सेवा से थोड़ी राहत जरूर मिली.
नैनीताल पुलिस और प्रशासन द्वारा ट्रैफिक कंट्रोल के लिए पुलिस और विशेष बल तैनात किए गए थे लेकिन भारी भीड़ के आगे व्यवस्थाएं नाकाफी साबित हुईं. दोपहर तक हालात बिगड़े रहे और लोग घंटों तक जाम में फंसे रहे. जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क की ओर जाने वाली सड़कों पर भी ट्रैफिक का दबाव चरम पर रहा. टेढ़ी पुलिया, मोहान रोड और बैलपड़ाव मार्ग पर गाड़ियां घंटों फंसी रहीं. पर्यटकों के साथ-साथ स्थानीय लोगों को भी रोजमर्रा के कार्यों में मुश्किल का सामना करना पड़ा. प्रशासन ने ट्रैफिक सुचारू रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया और कई स्थानों पर डायवर्जन लागू किए लेकिन अपेक्षित राहत नहीं मिल पाई.
हनुमान जन्मोत्सव की वजह से भीड़
इस स्थिति की मुख्य वजह हनुमान जन्मोत्सव के साथ पड़ा लॉन्ग वीकेंड रहा. तीन दिन की छुट्टियों के चलते भारी संख्या में लोग उत्तराखंड की वादियों की ओर उमड़ पड़े. इससे नैनीताल, भवाली, रामनगर और अन्य पर्यटन स्थलों पर ट्रैफिक और व्यवस्थाओं पर भारी दबाव बना. अब नैनीताल जिला प्रशासन के सामने चुनौती है कि आने वाले पर्यटन सीजन में ट्रैफिक और भीड़ नियंत्रण के लिए और सख्त व प्रभावी योजनाएं बनाई जाएं ताकि श्रद्धालुओं और पर्यटकों को सुविधाजनक यात्रा का अनुभव मिल सके.