8 जुलाई तक जालोर में ब्लैक आउट का आदेश, ड्रोन और पटाखे पर लगी रोक
- May 9, 2025
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Last Updated:May 09, 2025, 23:41 IST jalore news today: धार्मिक, सांस्कृतिक या सामाजिक कार्यक्रमों के दौरान फोटोग्राफी के लिए यदि ड्रोन का उपयोग आवश्यक हो तो अधिकतम 20
Last Updated:May 09, 2025, 23:41 IST jalore news today: धार्मिक, सांस्कृतिक या सामाजिक कार्यक्रमों के दौरान फोटोग्राफी के लिए यदि ड्रोन का उपयोग आवश्यक हो तो अधिकतम 20
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राष्ट्रीय सुरक्षा के मद्देनज़र जालोर में ड्रोन और पटाखों पर प्रतिबंध<br><br>
जालौर: भारत और पाकिस्तान के बीच चल रहे तनाव को देखते हुए राजस्थान राज्य में सीमा से सटे जिलों में खास सावधानी बरती जा रही है. सीमा क्षेत्र वाले इलाकों में ब्लैक आउट के नियम कड़ाई से लागू किए जा रहे हैं. इसके साथ ही वहां के हॉस्पिटल और पुलिस सिस्टम को भी अलर्ट रखा गया है. राजस्थान के जालोर जिले के मजिस्ट्रेट डॉ. प्रदीप के. गावंडे ने भी शहर की सुरक्षा और शांति को ध्यान में रखते हुए एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है. उन्होंने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के तहत जिले की सुरक्षा और शांति व्यवस्था के लिए जो आदेश जारी किया है उसके मुताबिक, जिले में 9 मई 2025 से 8 जुलाई 2025 तक आतिशबाजी, पटाखों और ड्रोन के संचालन पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लागू रहेगा.
यह निषेधाज्ञा जालोर जिले के सम्पूर्ण सीमा क्षेत्र में प्रभावी होगी. आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह प्रतिबंध राष्ट्रीय सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से लगाया गया है. आदेश का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के अंतर्गत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
डॉ. गावंडे ने बताया कि यह आदेश विशेष रूप से उन परिस्थितियों को ध्यान में रखकर पारित किया गया है, जिनमें आतिशबाजी या ड्रोन संचालन से शांति भंग हो सकती है या राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरा हो सकता है. आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि यह निषेधाज्ञा सेना, पुलिस, सशस्त्र बल, होमगार्ड या कानून व्यवस्था बनाए रखने में लगे अधिकारियों पर लागू नहीं होगी.
धार्मिक, सांस्कृतिक या सामाजिक कार्यक्रमों के दौरान फोटोग्राफी के लिए यदि ड्रोन का उपयोग आवश्यक हो तो अधिकतम 20 फीट की ऊंचाई तक संचालन की अनुमति दी जाएगी, लेकिन इसके लिए संबंधित थानाधिकारी की पूर्व अनुमति अनिवार्य होगी. यह आदेश भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163(2) के तहत एकपक्षीय रूप से लागू किया गया है, क्योंकि परिस्थितियां ऐसी हैं कि इसकी व्यक्तिगत रूप से तामील कराना संभव नहीं है.
डॉ. गावंडे ने जिले के सभी नागरिकों से इस आदेश का कड़ाई से पालन करने का अनुरोध किया है और चेतावनी दी है कि किसी भी प्रकार का उल्लंघन गंभीर अपराध माना जाएगा. इसके परिणामस्वरूप कानूनी कार्रवाई निश्चित है. यह आदेश 9 मई से प्रभावी होकर 8 जुलाई 2025 तक लागू रहेगा.
