गरीबी हारी, सपने जीते: MBBS की डिग्री लेकर गांव लौटा मजदूर का बेटा, जानिए
- May 10, 2025
- 0
Last Updated:May 10, 2025, 13:38 IST बुरहानपुर के आदिवासी युवक रवि जमरा ने कठिन हालातों में एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी कर डॉक्टर की उपाधि हासिल की. किसान पिता
Last Updated:May 10, 2025, 13:38 IST बुरहानपुर के आदिवासी युवक रवि जमरा ने कठिन हालातों में एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी कर डॉक्टर की उपाधि हासिल की. किसान पिता
Last Updated:
हाइलाइट्स
बुरहानपुर: माता-पिता अपने बच्चों के सपनों को पूरा करने के लिए दिन-रात मेहनत करते हैं. उनका एक ही लक्ष्य होता है कि उनके बच्चे अच्छी पढ़ाई कर समाज में नाम रोशन करें. मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले के धूलकोट तहसील के ग्राम धोंड के आदिवासी परिवार में जन्मे रवि ने एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी कर डॉक्टर की उपाधि प्राप्त कर ली है.
रवि का मानना है कि उनका यह सफर बिना उनके माता-पिता की कड़ी मेहनत के संभव नहीं था. उनके माता-पिता किसान हैं. उन्होंने उन्हें खेतों में काम करते हुए भी हर संभव मदद दी, जिससे रवि अपनी पढ़ाई पूरी कर सके और समाज में नाम रोशन कर सके. रवि का कहना है कि उनके माता-पिता का एक ही सपना था कि उनके बेटे को अच्छे से पढ़ाया- लिखाया जाए, जिससे वह एक अच्छा इंसान बने और समाज में योगदान दे सके.
बेटे ने दी जानकारी
लोकल 18 की टीम ने डॉक्टर बने रवि जमरा से बात की. इस दौरान उन्होंने बताया कि मेरे पिता हरे सिंह जमरा खेती करते हैं. वें मुझे डॉक्टर बनाना चाहते थे. उनके संकल्प को मैंने पूरा किया है. परिवार की हालत खस्ता थी, इसलिए मैंने एजुकेशन लोन और सरकार की स्कॉलरशिप के आधार पर एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी की और मुझे डॉक्टर की उपाधि मिली है. मैं जिन विकट परिस्थितियों में पढ़ाई कर आज यहां तक पहुंचा हूं, इसलिए अपने क्षेत्र के लोगों को निशुल्क स्वास्थ्य सुविधा दूंगा. इसके अलावा शराब मुक्ति सहित धूम्रपान मुक्त अभियान भी चलाऊंगा, ताकि गांव में कोई भी बीमार न रहे.
इंदौर से की पढ़ाई
गांव के संतोष महाजन ने जानकारी देते हुए बताया कि यह किसान परिवार है, जो खेत में मजदूरी करता है लेकिन शिक्षा को लेकर बड़ा जागरूक है. इसलिए जब आज बेटा डॉक्टर की उपाधि पाकर गांव में पहुंचा तो ग्रामीणों ने उसका पुष्प माला पहनाकर स्वागत किया और उसे डीजे के साथ घर तक लेकर आए. यह गांव का पहला बेटा है जो डॉक्टर बना है. अब यह आस-पड़ोस के गांव के लिए एक प्रेरणादायक युवक भी बन गया है. इन्होंने इंदौर के इंडेक्स मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी की है.
